कोरोना ठीक होने के बाद अगर आपको कोरोना जैसे लक्षण दिखते हैं तो आपको लंबे कोविद हो सकते हैं। कोविड की रिपोर्ट नेगेटिव आने के बाद भी मरीज में एक्यूट पोस्ट-कोविड वेर हो सकते हैं जिन्हें लंबे कोविद भी कहते हैं। हालाँकि ये इस बात पर निर्भर करता है कि शरीर को कोरोनावायरस ने कितना अटैक किया है। जिन लोगों पर कोरोनावायरस का ज्यादा असर हुआ, उनमें लंबे कोविद होने के चांस ज्यादा हैं।
लॉन्ग कोविद क्या है
किसी भी मरीज में कोविड की रिपोर्ट नेगेटिव आने के बाद भी अगर मरीज स्वस्थ नहीं है और उसको हल्की खांसी, सिर और शरीर में दर्द, थकान, सांस लेने में परेशानी या स्वाद और गंध महसूस ना हो तो समझ जायें कि कोरोनावायरस के आफ़ेरिफ़ैक्टस बॉडी में बचे हैं और यह केवल लंबे कोविद कहते हैं। इस सिचुएशन में किसी मरीज के वायरस की चपेट से निकलने और निगेटिव रिजल्ट के आने के बाद भी लक्षण बने रहते हैं। लंबे कोविद के कारण लंबे समय तक बीमार रहने वाले लोग कई तरह की दिक्कतों का अनुभव करते हैं और लंबे समय तक ये लक्षण बने रहने पर फेफड़े, हृदय, उसडनी या ब्रेन पर भी इसका असर पड़ता है। कोरोना ठीक होने के बाद भी अगर आपके शरीर में ये लक्षण दिखते हैं तो डॉ से सलाह लें।
1-लगातार खाँसी जुकाम
कोरोना ठीक होने के बाद कई बार 1 महीने तक सर्दी और खांसी सी बनी रहती है।खासतौर पर सर्दी तो नहीं लेकिन खांसी महीनों परेशान रहती है। अगर कोविड रिपोर्ट नेगेटिव आने के महीने भर बाद भी आपको खांसी है तो आपको लंबे समय तक कोविद है यानी वायरस का असर शरीर में रह गया ।ऐसे में खांसी को नज़रअंदाज ना करें।
2-सिरदर्द और थकान
कोरोनावायरस के संक्रमण के दौरान सिरदर्द और शरीर में थकान बनी रहती है। लेकिन कई बार कोरोना की रिपोर्ट नेगेटिव आने के कई हफ्ते बाद भी रोगी को सिरदर्द या शरीर में दर्द और थकान महसूस होती है। वास्तव में इस दौरान शरीर के वायरस से लड़ने के लिए शरीर तैयार होने से होता है जिसकी वजह से थकान महसूस होती है। ये वायरस मसल्स फाइबर को डैमेज कर देता है, जिससे शरीर में दर्द होता है और शरीर के कई हिस्सों में तनाव महसूस होता है। हालांकि नियमित एक्सरसाइज करने से इन लक्षणों में सुधार हो सकता है। अगर ज्यादा सिरदर्द या थकान हो रही है तो डॉक्टर से सलाह लें। डॉ। कुछ मल्टी विटामिन या दूसरी दवाएँ दे सकते हैं और कुछ टेस्ट करा सकते हैं।
3-सांस लेने में तकलीफ
कोरोना होने पर सबसे ज्यादा पैनिक होता है ऑक्सीजन सेचुरेशन कम होने पर जिसकी वजह से सांस लेने में तकलीफ होती है। ब्रेथ कोरोना का सबसे कॉमन लक्षण है। हालांकि कोविड वायरस का असर खत्म होने पर ये प्रोब्लम भी खत्म हो जाता है लेकिन लंबे समय तक कोविद में ये परेशानी बनी रहती है और मरीज को कई हफ्तों तक सांस लेने में परेशानी आती है। डॉक्टर्स के सिरकि पहले से श्वसन संबंधी समस्या से पीड़ित रोगियों को सांस लेने में तकलीफ हो सकती है या जिनकी लंग्स पर इस बीमारी ने अटैक किया था उन्हें भी यह परेशानी हो सकती है। इस आफ्टर इफेक्ट से बचने के लिए ब्रीदिंग एक्सरसाइज करें
4-स्वाद और गंध न पता चलना
कोविड के दौरान खाने की चीज में स्वाद ना आना और किसी तरह की स्मैल ना आना एक कॉमन लक्षण है लेकिन कोविड ठीक होने के बाद भी ये लक्षण कई महीनों तक बने रह सकते हैं। ऐसे लक्षण वाले रोगी को डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए
5-डायरिया या भूख ना लगना- कोरोना होने पर पेट से संबंधित कई परेशानी हो जाती है जिसमें डायरिया सबसे कॉमन है। लेकिन लंबे कोविद में रोगी को ठीक होने के कई सप्ताह बाद भी डायरिया या डाइजेशन की प्रोब्लम हो सकती है। इसके अलावा ठीक होने के बाद भी अगर भूख नहीं लगती है या खाने का मन नहीं करता है तो ये लंबे समय तक होने के लक्षण हो सकते हैं।
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