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काक: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी और आईएसएफ के अध्यक्ष अब्बास सिद्दीकी पर बड़ा हमला बोला। रायडीघी में एक सभा को संबोधित करते हुए सीएम ममता ने आरोप लगया कि ओवैसी और अब्बास सिद्दीकी को बीजेपी की तरफ से हिंदू और मुस्लिम को बांटने के पैसे मिले हैं।
ममता बनर्जी ने जनसभा में मौजूद लोगों से कहा कि अगर आप एनआरसी और बंटवारा नहीं चाहते हैं तो उन्हें (ओवैसी और अब्बास) वोट मत दें। उन्हें वोट करने का मतलब है कि बीजेपी को वोट देना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी संस्कृति है कि हिंदू और मुस्लिम एक साथ चाय पीते हैं। एक साथ दुर्गा पूजा और काली पूजा मनाते हैं। हमारे गांवों में अशांति होने पर बीजेपी को फायदा होगा।
हैदराबाद (असदुद्दीन ओवैसी) और फुरफुरा शरीफ (अब्बास सिद्दीकी) को भाजपा ने हिंदुओं और मुसलमानों को विभाजित करने के लिए पैसा दिया है। यदि आप NRC और डिवीजन नहीं चाहते हैं, तो उनके लिए वोट न करें। उनके लिए वोट देने का मतलब होगा कि आप बीजेपी को वोट दें: पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने आज रेड्डी में वोट डाला pic.twitter.com/eaaLwa4LCY
– एएनआई (@ANI) 3 अप्रैल, 2021
टीएमसी अध्यक्ष ने मुसलमानों से अपील की कि जो शख्स हैदराबाद से आया है और ‘फुरफुरा शरीफ के एक युवा लड़के’ को वोट न दें। रायडीघी में मुस्लिम समुदाय के मतदाताओं की अच्छी खासी आबादी है और 6 अप्रैल को तीसरे चरण के तहत यहां मतदान होना है।
बीजेपी के सीनियर नेता की मानें तो रायडीघी में मुसलमानों की आबादी लगभग 30 फीसदी है और पार्टी के पास पहली बार इस सीट को जीतने की संभावना है जो कभी उनके द्वारा नहीं जीती गई। बीजेपी नेता की मानें तो मुसलमानों ने पिछले चुनावों में टीएमसी को वोट किया था लेकिन अब वे लेफ्ट के उम्मीदवार के लिए भी वोट देंगे। इस विभाजन से टीएमसी उम्मीदवार के वोट में सेंध लग सकती है।
टीएमसी लगातार बीजेपी पर हिंदु-मुस्लिम को बांटने का आरोप लगा रही है। ममता बनर्जी का कहना है कि हम सभी धर्मों के लिए चाहे वो हिंदू हों, मुस्मिल हों, सिखाएँ या ईसाई हों।
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