यूपी के हरदोई जिले से मानवता को शर्मसार कर देनी वाली घटना सामने आई है। यहां एक महिला की बुखार के चलते मौत हो गई तो परिवार वालों के अलावा ग्रामीणों ने भी उससे दूरी बना ली। कोरोना से मौत की आशंका के चलते लोगों ने उसे पास जाने तक कतराने लगे। जब कंधा देने की बारी आई तो सभी किनारे हो गए। इसके बाद महिला के बेटे ने समाजवादी की मदद से मां के शव को चारपाई पर शमशान लेकर पहुंच गए और वहां दफन कर दिया।
मामला हरदोई जिले के बिलग्राम कोतवाली क्षेत्र का है। बिलग्राम क्षेत्र के अलमपुर मजरा सदरपुर गांव का है, जहां पर एक महिला की कुछ दिन पहले हालत बिगड़ गई थी। कई दिनों तक जुकाम-बुखार और गले में खराश आदि परेशानियों से जूझ रही थी। परिजन उसकी कोरोना की जांच नहीं कर सकते। परिवार व गांव के लोग उसे कोरोना से भिन्न होने की आशंका जता रहे थे।
महिला का एक बेटा सर्वेश दिव्यांग है। मां की मौत के बाद जब उसे परिवार व गांव के लोगों ने कंधा देने से इंकार कर दिया तो बेटे ने समाजसेवी धीरूभाई पटेल से संपर्क किया। वह अपने साथियों के साथ मदद करने को पहुंच गई। महिला के शव को चारपाई पर रखकर शमशान गांव से करीब 500 मीटर की दूरी पर ले गए। घाट से कुछ पहले बेटे ने मां के शव को दफना दिया। धीरू ने कहा कि उनके साथ युवाओं की टीम इंसानियत के लिए काम कर रही है।
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