ब्रिटेन में 97 दिन बाद फिर से रौनक दिखने लगी है। एक बार फिर से यहां की सड़के, कार्यालय, बाजार, रेस्तरां, पार्क लोगों की भीड़ से खिल उठे हैं। लोगों के मुस्कुराते चेहरे 97 दिन तक बंदिश में रहने के दर्द को बयां करने के लिए काफी हैं और ऐसा हो भी क्यों ना इस देश के लोगों ने कोरोनावायरस को मात जो दे दी है। अब यहाँ कोरोना केस काफी कम पाए जा रहे हैं। दुनिया के सबसे लंबे और सख्त लॉकडाउन के बाद अब ये देश शुरू होने वाला है।
अनियंत्रित होते कोरोनावायरस के कारण 5 जनवरी को लॉकडाउन की घोषणा की गई थी। हालांकि दिसंबर से ही ब्रिटेन में कई तरह के प्रतिबंध लगाए गए थे। अब फिर से महीनों बाद सैकड़ों, जिम, हा सैलून और रिटेल स्टोर खुल गए हैं। जबकि दिसंबर और जनवरी में से देश को विभाजित की आक्रामकता का शिकार बना हुआ था, यहां हर दिन 50 हजार के करीब केस सामने आ रहे थे और लगातार मौत का आंकड़ा बढ़ रहा था। जिससे अब ब्रिटेन ने निजात पा ली है।
२१ जून । पूरी तरह से ब्रिटेन होगा:
जानकारी के मुताबिक 21 जून से पूरी तरह से ब्रिटेन से लॉकडाउन हटा लिया जाएगा। विशेषज्ञों के मुताबिक 4 जनवरी को जब ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन ने नए प्रतिबंधों की घोषणा की तो हर बात साफ थी कि कब कौन सा सेक्टर बंद रहेगा और कब खुला होगा। इस कारण से यहां के लोगों को परेशान नहीं होना पड़ा।
४ हजार के नीचे नए रोगियों का आंकड़ा पहुंच गया:
ब्रिटिश सरकार ने एक तरफ लॉकडाउन और दूसरी तरफ तेज वैक्सीनेशन चला कर कोरोना की चाल नियंत्रक कर लिया है। वहीं यूरोप अभी भी धीमे वैक्सीनेशन और लॉकडाउन में देरी की वजह से कोरोना की तीसरी लहर झेल रहा है। जनवरी में ब्रिटेन में रोजाना 55 हजार से ज्यादा नए केस मिल रहे थे। जबकि अब नए मरीजों का आंकड़ा 4 हजार से नीचे आ गया है। वहीं ब्रिटेन ने अपनी 48% से ज्यादा जनता को कोविशील्ड वैक्सीन लगा दी है।
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