काक: चुनाव आयोग ने अगले 72 घंटे तक कूचबिहार में किसी भी नेता के जाने पर पाबंदी लगा दी है। दरअसल, बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एलान किया कि वह रविवार को कूचबिहार होगी। पश्चिम बंगाल के कूचबिहार जिले में शनिवार को स्थानीय लोगों के जरिए हमला किए जाने के बाद सीआरएसएफ ने कथित तौर पर गोलियां चलाई, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई।
वहाँ ऐसा आरोप है कि स्थानीय लोगों ने आरएसएफ जवानों की राइफलें छीनने की कोशिश की। दूसरी ओर टीएमसी ने दावा किया कि मारे गए चार लोग उसके समर्थक थे। इस घटना के बाद पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कल कूचबिहार में घटनास्थल का दौरा करने की बात कही है, जहां आज चार लोगों की मौत हो गई है।
सुरक्षाबलों की ओर से बयान जारी
इस मामले पर सुरक्षाबलों की ओर से बयान भी जारी किया गया है। बयान में कहा गया है कि सुबह करीब साढ़े नौ बजे इसकी शुरुआत तब हुई जब एक इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारी के नेतृत्व में एमएसएसएफ की टीम स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर सीतलकूची विधानसभा क्षेत्र के जोर पाटकी इलाके की निगरानी कर रही थी। उन्होंने बताया कि बल अमितली माध्यमिक शिक्षा केंद्र में बने मतदान केंद्र संख्या 126 और आसपास के क्षेत्रों में मतदाताओं को पहुंचने से रोकने का प्रयास करने वाले तत्वों को हटा दिया गया था।
बयान में कहा गया है कि सुरक्षाबलों ने करीब 50-60 लोगों की भीड़ को हटाने का प्रयास किया और इसी क्रम में एक बच्चा गिर गया और घायल हो गया। इसके बाद कुछ बदमाशों ने केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (एसआरएसएफ) के त्वरित सुरक्षा दल (क्यूआरटी) को चार पहिया वाहन और उसमें सवार कर्मियों पर हमला किया।
वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘क्यूआरटी ने आत्मरक्षा में कार्रवाई करते हुए भीड़ को हटाने के लिए हवा में छह गोलियां चलायीं। बाद में डिप्टींदरर रैंक का अधिकारी और एसएफएफ यूनिट (567 / चार्ली कंपनी) के प्रभारी मौके पर पहुंचे और भीड़ को शांत कराया गया। फिर अधिकारी वहां से चले गए। ‘
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