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Mahatma Gandhi Ke Rajnitik Guru Kaun The

महात्मा गांधी के राजनीतिक गुरु का क्या नाम है ? – Mahatma Gandhi Ke Rajnitik Guru Kaun The

by Pritam Yadav

Mahatma Gandhi Ke Rajnitik Guru Kaun The :- महात्मा गांधी भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायक थे। इन्होंने सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चलकर भारत को अंग्रेजों से आजादी दिलाई थी। लेकिन गांधी जी भी अपने राजनीतिक गुरु के कदमों पर चलते थे। तो क्या आप जानते हैं कि mahatma gandhi ke rajnitik guru kaun the ? यदि नहीं तो आज का यह लेख आपके लिए ही है।

आज के इस लेख में हम जानेंगे कि mahatma gandhi ke rajnitik guru kaun the? साथ ही हम महात्मा गांधी के राजनीतिक गुरु के बारे में जानकारी भी प्राप्त करेंगे।


महात्मा गांधी के राजनीतिक गुरु कौन थे ? | Mahatma Gandhi Ke Rajnitik Guru Kaun The

महात्मा गांधी के राजनीतिक गुरु गोपाल कृष्ण गोखले थे। गोपाल कृष्ण गोखले भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और सर्वेंट आफ इंडियन सोसाइटी के संस्थापक थे।

गांधी जी ने उन्होंने गुरु माना क्योंकि वे सत्य अहिंसा के सिद्धांतों पर विश्वास रखते थे। गोखले ने गांधी जी को राजनीति में मार्गदर्शन और समर्थन प्रदान किया।


गोपाल कृष्ण गोखले के बारे में जानकारी

गोपाल कृष्ण गोखले का जन्म महाराष्ट्र के कोहाट गांव में 9 में 1886 को हुआ था। गोपाल कृष्ण गोखले का जन्म 9 मई, 1866 को महाराष्ट्र के कोहट में हुआ था। उन्होंने बॉम्बे विश्वविद्यालय से स्नातक की उपाधि प्राप्त की और फिर लंदन में कानून का अध्ययन किया। 1891 में, उन्होंने भारत लौटकर बॉम्बे में वकालत शुरू की।

गोखले ने जल्द ही भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस में शामिल हो गए। वह कांग्रेस के उदारवादी गुट के नेता थे, और उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के लिए अहिंसा और सत्याग्रह के सिद्धांतों पर आधारित एक शांतिपूर्ण संघर्ष का समर्थन किया। गोखले ने कई महत्वपूर्ण राजनीतिक आंदोलन चलाए, जिनमें शामिल हैं:

  • बंगाल विभाजन का विरोध
  • स्वदेशी आंदोलन
  • गोपाल कृष्ण गोखले ने भारत में कई सामाजिक सुधारों का भी नेतृत्व किया। उन्होंने अस्पृश्यता के खिलाफ अभियान चलाया, और उन्होंने महिलाओं के अधिकारों के लिए भी काम किया।

गोपाल कृष्ण गोखले को ही महात्मा गांधी का राजनीतिक गुरु क्यों कहा जाता है ?

गोपाल कृष्ण गोखले एक उदारवादी नेता थे, जो सत्य और अहिंसा के सिद्धांतों में विश्वास करते थे। उन्होंने गांधीजी को यह सिखाया कि राजनीति में साध्य और साधन दोनों की पवित्रता आवश्यक है।

गांधीजी ने गोखले से पहली बार 1889 में लंदन में मुलाकात की। वे गोखले के विचारों से बहुत प्रभावित हुए और उन्हें अपना गुरु मान लिया। गोखले ने गांधीजी को राजनीतिक रूप से शिक्षित करने और उन्हें एक अहिंसक आंदोलन का नेतृत्व करने के लिए तैयार करने में मदद की।

गांधीजी ने अपने गुरु के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त करते हुए कहा, “मेरे जीवन में दो लोग बहुत महत्वपूर्ण हैं। एक मेरे माता-पिता हैं, जिन्होंने मुझे जन्म दिया। दूसरा गोखले हैं, जिन्होंने मुझे जीवन दिया।”

कई इतिहासकारी यह भी मानते हैं कि गोखले जी ने कई मुश्किलों के समय भी ईमानदारी बनाई रखी थी। उन्होंने लाला लाजपत राय के आगमन के समय पर भी भी की थी।

फिर 1905 में यह कांग्रेस के अध्यक्ष बने थे और यहां पर एकजुट होकर भारत को आजाद करने के लिए लोगों को प्रेरित किया था।

इसको देखते हुए गांधी जी भी गोखले जैसे काफी ज्यादा प्रेरित हुए और हमेशा सत्य और अहिंसा के सिद्धांतों को ही अपनाया।


गोखले के विचारों का गांधी जी पर क्या प्रभाव पड़ा ?

महात्मा गांधी गोपाल कृष्ण गोखले के विचारों से काफी ज्यादा प्रभावित हुए थे और इसी के कारण वह भारत को अंग्रेजों से मुक्ति दिला पाए थे।

गोखले के विचारों का गांधी जी पर निम्नलिखित प्रभाव पड़ा था:

  • गांधी जी ने गोखले के विचारों से प्रेरित होकर सत्य और अहिंसा के मार्ग पर चलने का फैसला किया।
  • गांधी जी ने गोखले के विचारों से प्रेरित होकर स्वदेशी और खादी का प्रचार किया।
  • गांधी जी ने गोखले के विचारों से प्रेरित होकर अस्पृश्यता के खिलाफ अभियान चलाया।

गोखले और गांधी जी का संबंध क्या था ?

जैसा कि हमने जाना गोखले और गांधी जी का संबंध राजनीतिक गुरु और शिष्य का था। गांधी जी ने गोखले को अपना राजनीतिक गुरु माना और वह अक्सर गोखले से मिलने और उनकी सलाह लेने के लिए मुंबई भी जाते थे।

गोखले जी ने भी गांधी जी को अपना शिष्य माना था और उन्हें अपने विचारों से प्रेरित किया था। पर उन्हें हर दम किसी भी लड़ाई से लड़ने के लिए प्रेरित करते थे और उन्हें सलाह देते थे। गोपाल कृष्ण गोखले के विचारों ने गांधी जी को एक महान नेता और समाज सुधारक बनने में मदद की।


FAQ’s :-

Q1. गांधी को महात्मा किसने कहा ?

Ans- गांधी जी को महात्मा की उपाधि रविंद्र नाथ टैगोर ने प्रदान की थी।

Q2. गांधी जी के शिक्षक का क्या नाम था ?

Ans- गांधी जी के शिक्षक का नाम जीवराम कालिदास था।

Q3. महात्मा गांधी का शिष्य कौन है ?

Ans- महात्मा गांधी के कई सारे शिष्य थे जिनमें मीराबेन, सरोजिनी नायडू, कृपलानी, 
रवि शंकर महाराज, नानाभाई भट्ट, इत्यादि का नाम शामिल है।

Q4. महात्मा गांधी के आध्यात्मिक गुरु कौन थे ?

Ans- महात्मा गांधी के आध्यात्मिक गुरु रामचंद्र जी थे।

निष्कर्ष :-

आज के इस लेख में हमने जाना कि Mahatma Gandhi Ke Rajnitik Guru Kaun The ? उम्मीद है इस लेख के माध्यम से आपको महात्मा गांधी के राजनीतिक गुरु के बारे में सभी आवश्यक जानकारियां मिल पाई होगी।

यदि आपको यह लेख जानकारी पूर्ण लगा हो। तो इसे अपने अन्य दोस्तों के साथ भी जरूर साझा करें और उनके साथ भी इस लेख को शेयर करें। यदि आपके मन में इस लेख से संबंधित कोई सवाल है जो आप हमसे पूछना चाहते हैं तो कॉमेंट बॉक्स में कॉमेंट कर के पूछ सकते हैं।


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